Tuesday, February 24, 2026

प्रथम नियुक्ति तिथि से गणना करने, टीईटी उत्तीर्ण बाध्यता समाप्त करने एवं केसलेस इलाज के लिए मुख्यमंत्री जी व शिक्षा मंत्री जी के नाम मांग पत्र सौंपा गया



रायपुर - नवीन शिक्षक संघ छत्तीसगढ़ के महिला प्रकोष्ठ प्रदेश पदाधिकारी व रायपुर जिला प्रभारी ड़ॉ. गंगा शरण पासी के नेतृत्व मे जिला शिक्षा अधिकारी के माध्यम से पूर्व सेवा अवधि की गणना कर प्रथम नियुक्ति तिथि से देय समयमान वेतनमान के अनुसार वेतन  व पेंशन का निर्धारण कर वेतन व पेंशन मे व्याप्त विसंगति को दूर करने,नियम लागू होने के पहले भर्ती व पदोन्नत शिक्षक संवर्ग को टीईटी पात्रता परीक्षा से मुक्त रखने,शिक्षक संवर्ग को शासकीय व मान्यता प्राप्त निजी अस्पताल मे केसलेस इलाज की सुविधा प्रदान करने,माननीय न्यायालय के निर्देशानुसार पुरानी पेंशन की गणना व श्रीमती सोना साहू जी की तरह क्रमोन्नत वेतनमान हेतु जनरल आदेश जारी करने एवं राजपत्र प्रकाशन पश्चात् जल्दी ही शिक्षक संवर्ग को पदोन्नति देने की मांग को प्रमुखता से रखते हुए माननीय मुख्यमंत्री जी व माननीय शिक्षामंत्री जी के नाम ज्ञापन सौंपा गया ज्ञापन सौपने के बाद ड़ॉ गंगा शरण पासी ने कहा की पूर्व सेवा अवधि की गणना नही करने से अभी वर्तमान मे सेवानिवृत होने वाले शिक्षक एलबी संवर्ग को पेंशन नही मिलने के कारण अपने व अपने परिवार के भरण -पोषण करने मे अनेक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है उम्र के अंतिम पड़ाव मे रोजी मजदूरी कर जीवन निर्वहन करना पड़ रहा है इसलिए सरकार नियम क़ानून मे संशोधन कर शिक्षक एलबी संवर्ग को पूर्व सेवा अवधि की गणना कर पुरानी पेंशन का लाभ व वेतन का निर्धारण कर वेतन विसंगति को दूर करने की मांग किया है ड़ॉ गंगा शरण पासी ने नवीन शिक्षक संघ छ. ग. के महत्वपूर्ण मांग केसलेस इलाज के लिए बजट भाषण मे माननीय वित्त मंत्री जी के घोषणा का स्वागत करते हुए माननीय मुख्यमंत्री जी, स्वास्थ मंत्री जी, व वित्त मंत्री जी का आभार व्यक्त करते हुए प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत को सफल प्रयास के लिए बधाई देते हुए पुरानी पेंशन व वेतन विसंगति को दूर करवाने हेतु नवीन शिक्षक संघ छ. ग. का संघर्ष मांग पूर्ति तक जारी रखने का संकल्प दोहराया है।

Wednesday, January 28, 2026

खोपली शिक्षा रत्न से सम्मानित हुए शासकीय प्राथमिक शाला खोपली के शिक्षक गिरीश साहू




 उतई-शासकीय प्राथमिक शाला खोपली के शिक्षक श्री गिरीश साहू को गणतंत्र दिवस के अवसर पर आयोजित समारोह में सरपंच श्रीमती मंजू वर्मा ,उपसरपंच देवेंद्र भारती ने शिक्षा ,समाज,और बच्चो के विकास के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने के लिए खोपली शिक्षा रत्न सम्मान से साल श्रीफल प्रतीक चिन्ह भेंटकर सम्मानित किया। गिरीश साहू ने अपने शाला ,शिक्षा,और बच्चो के लिए निरंतर  विकास के लिए बेहतर कार्य किए।उनके प्रयास से बच्चो में बेहतर कलात्मकता का विकास हुआ,उनके प्रयास से शाला भवन को प्रिंट रिच वातावरण और सुसज्जित करने का प्रयास किया और सफल हुए।बच्चो के साथ बेहतर मेल जोल ,शिक्षक साथियों के साथ बढ़िया तालमेल से शाला विकास के कार्य किए शिक्षा रत्न खोपली से सम्मानित शिक्षक गिरीश साहू ने बच्चो व स्कूल के विकास व गुणवत्तापूर्वक शिक्षा के लिए अनेक प्रयास किये जिसमे 1/मुख्यमंत्री जतन योजना से एक बड़ा अम्बेडकर हाल का निर्माण

2/प्रोजेक्टर ,कंप्यूटर की उपलब्धता

3/दुर्ग जिले के लगभग एक लाख बच्चो को विभिन्न संस्थाओं के माध्यम से स्वेटर,कॉपी,बैग,

4/नशामुक्ति ,पर्यावरण संरक्षण,स्वच्छता अभियान 

5/समाज हित,छात्र हित एवं जन जागरुकता करना प्रमुख है ।शासकीय प्राथमिक शाला के प्रधान पाठक कुमार साहू पूर्व प्रधान पाठक छबिलाल रघुवंशी,,दीपक साहु, रामेश्वरी चंदेल,रोशनी चंद्राकर ,संतोषी कश्यप एवम् ग्राम पंचायत खोपली के सरपंच मंजू वर्मा उपसरपंच देवेंद्र भारती,रमेश वर्मा,पूर्व सरपंच फत्ते लाल वर्मा,प्राचार्य वीणा दुबे,संकुल समन्वयक इंद्रेश बंजार, पूर्व प्रधान पाठक हरिश्चंद्र देवांगन ,बी आर सपहा,जनपद सदस्य बिंदु दिनेश देशलहरे, समस्त शालेय एवं ग्रामवासियों ने गिरीश साहू  को उत्कृष्ट कार्य में खोपली शिक्षा रत्न सम्मान मिलने पर बधाई देते हुए उज्जवल भविष्य की कामना की है।

Wednesday, January 14, 2026

बेमेतरा व बालोद मे VSK एप मोबाईल मे डाऊनलोड करने का विरोध जिला कलेक्टर व जिला शिक्षाधिकारी को सचिव /संचालक शिक्षा विभाग के नाम ज्ञापन सौपकर ऑनलाइन उपस्थिति हेतु प्रदेश के समस्त स्कूलो मे बायोमेट्रिक प्रणाली लगाने की मांग



रायपुर - प्रदेश के सरकारी स्कूलो मे कार्यरत शिक्षकों व विद्यार्थियों की VSK एप को मोबाईल मे डाऊनलोड कर ऑनलाइन बायोमैट्रिक उपस्थिति के लिए शिक्षा विभाग द्वारा निर्देशित किया गया है जिसका प्रदेश के समस्त शिक्षकों द्वारा विरोध किया जा रहा है इस संबंध मे नवीन शिक्षक संघ छ. ग. के प्रदेश अध्यक्ष महिला प्रकोष्ठ उमा जाटव व जिला बालोद के अध्यक्ष वेदप्रकाश साहू के नेतृत्व मे जिला कलेक्टर व जिला शिक्षाधिकारी बेमेतरा व बालोद को सचिव /संचालक स्कूल शिक्षा विभाग छ. ग. शासन के नाम ज्ञापन सौंपकर शिक्षकों के स्वयं के मोबाईल मे VSK एप डाऊनलोड कर शिक्षकों व विद्यार्थियों की ऑनलाइन बायोमैट्रिक उपस्थित दर्ज करने हेतु विभाग द्वारा निर्देश का विरोध किया है और ऑनलाइन उपस्थिति हेतु राज्य के समस्त सरकारी स्कूलो मे बायोमैट्रिक प्रणाली लगाने या फिर पूर्व मे दिए गए बायोमैट्रिक टेबलेट को सुधार व अपडेट कर शिक्षकों व विद्यार्थियों की ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करने की मांग को प्रमुखता से रखा है प्रदेश अध्यक्ष महिला प्रकोष्ठ उमा जाटव व जिला अध्यक्ष बालोद वेदप्रकाश साहू ने बताया है की प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत के मार्गदर्शन मे आधार बेस VSK एप स्वयं के मोबाईल मे डाऊनलोड कर ऑनलाइन उपस्थिति का विरोध पुरे प्रदेश मे किया जा रहा है और सचिव /संचालक शिक्षा विभाग के नाम ज्ञापन सौंपा जा रहा है दोनों पदाधिकारियों ने स्पष्ट कहा की एक शिक्षक का मोबाईल वर्तमान मे मध्यान भोजन, दीक्षा, छात्रवृत्ति, निष्ठा, FLN, माँ के नाम एक पेड़, वीरगाथा, विनोबा, CGTBC,जाति प्रमाण पत्र, सांसद खेल,नवभारत साक्षरता, स्केनर, पिक्सल, एक्सेल शीट सहित विभिन्न प्रकार के एप विभागीय कार्य के लिए शिक्षकों द्वारा डाऊनलोड करने के कारण शिक्षकों के मोबाईल पूर्णतः विभागीय मोबाईल बन चूका है यहाँ तक की 64 GB स्पेस वाले मोबाईल विभागीय एप डाऊनलोड करने के कारण ठीक से कार्य भी नही कर पा रहे है इसके साथ ही कई प्रकार के ऑनलाइन विभागीय कार्य भी शिक्षकों को अपने मोबाइल से करना पड़ता जिसके लिए विभाग द्वारा न तो मोबाईल भत्ता दिया जाता है और न ही चश्मा भत्ता दिया जाता है आगे उमा जाटव व वेदप्रकाश साहू ने कहा की प्रदेश के कोई भी शिक्षक ऑनलाइन बायोमैट्रिक उपस्थिति का विरोध नही कर रहा है सभी शिक्षक ज़ब समय पर स्कूल जाते है और स्कूल से समय पर वापस आते है तो ऑनलाइन उपस्थिति के विरोध का सवाल ही नही उठता है, विरोध सिर्फ शिक्षकों के स्वयं के मोबाइल से Vsk एप डाऊनलोड कर अपना व विद्यार्थियों के उपस्थिति दर्ज करने को लेकर है, इसलिए स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा समस्त सरकारी स्कूलो मे अन्य विभाग की तरह ऑनलाइन उपस्थिति हेतु बायोमैट्रिक प्रणाली लगाना चाहिए या फिर पूर्व मे दिए गए बायोमैट्रिक टेबलेट को सुधार  व अपडेट कर पुनः ऑनलाइन उपस्थिति के लिए निर्देश जारी किया जाना चाहिए नवीन शिक्षक संघ छ. ग. ने शिक्षकों से अपील किया है की कोई भी शिक्षक अपने स्वयं के मोबाईल मे VSK एप डाऊनलोड नही करे हम सब एकजुट होकर विभाग के इस निर्णय का विरोध करेंगे।

Saturday, January 10, 2026

ऑनलाइन उपस्थिति के लिए शासन लगाए बायोमैट्रिक सिस्टम स्वयं के मोबाईल से VSK एप डाऊनलोड करने से शिक्षकों ने किया इंकार




कोरबा -नवीन शिक्षक संघ जिला कोरबा के अध्यक्ष चन्द्रिका पाण्डेय ने बयान जारी कर कहा है की प्रदेश के सरकारी स्कूलो मे कार्यरत शिक्षकों व विद्यार्थियों की VSK एप को मोबाईल मे डाऊनलोड कर ऑनलाइन बायोमैट्रिक उपस्थिति के लिए शिक्षा विभाग द्वारा निर्देशित किया गया है और लगातार शिक्षकों को मोबाईल मे VSK एप डाऊनलोड करने दबाव बनाया जा रहा है जिसका प्रदेश के समस्त शिक्षकों द्वारा विरोध किया जा रहा है जिला पदाधिकारी जय प्रकाश झा ने बताया है की नवीन शिक्षक संघ  जिला अध्यक्ष चंद्रिका पाण्डेय के नेतृत्व मे जिला शिक्षाधिकारी कोरबा को सचिव /संचालक स्कूल शिक्षा विभाग छ. ग. शासन के नाम ज्ञापन सौंपकर शिक्षकों के स्वयं के मोबाईल मे VSK एप डाऊनलोड कर शिक्षकों व विद्यार्थियों की ऑनलाइन बायोमैट्रिक उपस्थित दर्ज करने हेतु विभाग द्वारा निर्देश का विरोध किया है और ऑनलाइन उपस्थिति हेतु राज्य के समस्त सरकारी स्कूलो मे बायोमैट्रिक प्रणाली लगाने या फिर पूर्व मे दिए गए बायोमैट्रिक टेबलेट को सुधार व अपडेट कर शिक्षकों व विद्यार्थियों की ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करने की मांग को प्रमुखता से रखा है प्रदेश पदाधिकारी मनोज चंद्रा,शंकरलाल भार्गव ने बताया है की प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत के मार्गदर्शन मे आधार बेस VSK एप स्वयं के मोबाईल मे डाऊनलोड कर ऑनलाइन उपस्थिति का विरोध पुरे प्रदेश मे किया जा रहा है और सचिव /संचालक शिक्षा विभाग के नाम ज्ञापन सौंपा जा रहा है प्रदेश पदाधिकारी मनोज चंद्रा,शंकरलाल भार्गव, जिला अध्यक्ष चंद्रिका पाण्डेय व जिला कोषाध्यक्ष जय प्रकाश झा ने स्पष्ट कहा की एक शिक्षक का मोबाईल वर्तमान मे मध्यान भोजन, दीक्षा, छात्रवृत्ति, निष्ठा, FLN, माँ के नाम एक पेड़, वीरगाथा, विनोबा, CGTBC,जाति प्रमाण पत्र, सांसद खेल,नवभारत साक्षरता, स्केनर, पिक्सल, एक्सेल शीट सहित विभिन्न प्रकार के एप विभागीय कार्य के लिए शिक्षकों द्वारा डाऊनलोड करने के कारण शिक्षकों के मोबाईल पूर्णतः विभागीय मोबाईल बन चूका है यहाँ तक की 64 GB स्पेस वाले मोबाईल विभागीय एप डाऊनलोड करने के कारण ठीक से कार्य भी नही कर पा रहे है इसके साथ ही कई प्रकार के ऑनलाइन विभागीय कार्य भी शिक्षकों को अपने मोबाइल से करना पड़ता जिसके लिए विभाग द्वारा न तो मोबाईल भत्ता दिया जाता है और न ही चश्मा भत्ता दिया जाता है प्रदेश पदाधिकारी गिरीश साहू, उमा जाटव, गंगा शरण पासी, बलविंदर कौर, ब्रिज नारायण मिश्रा ने कहा की प्रदेश के कोई भी शिक्षक ऑनलाइन बायोमैट्रिक उपस्थिति का विरोध नही कर रहा है सभी शिक्षक ज़ब समय पर स्कूल जाते है और स्कूल से समय पर वापस आते है तो ऑनलाइन उपस्थिति के विरोध का सवाल ही नही उठता है, विरोध सिर्फ शिक्षकों के स्वयं के मोबाइल से Vsk एप डाऊनलोड कर अपना व विद्यार्थियों के उपस्थिति दर्ज करने को लेकर है, इसलिए स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा समस्त सरकारी स्कूलो मे अन्य विभाग की तरह ऑनलाइन उपस्थिति हेतु बायोमैट्रिक प्रणाली लगाना चाहिए या फिर पूर्व मे दिए गए बायोमैट्रिक टेबलेट को सुधार  व अपडेट कर पुनः ऑनलाइन उपस्थिति के लिए निर्देश जारी किया जाना चाहिए नवीन शिक्षक संघ छ. ग. ने शिक्षकों से अपील किया है की कोई भी शिक्षक अपने स्वयं के मोबाईल मे VSK एप डाऊनलोड नही करे हम सब एकजुट होकर विभाग के इस निर्णय का विरोध करेंगे।प्रतिनिधिमंडल मे रामनारायण चौहान, राजू झा,हरिशंकर दिवाकर,उमेश श्रीवास, जयकुमार शर्मा, नंदकिशोर, शिवकुमार चंद्रा शामिल थे।

Monday, January 5, 2026

VSK एप मोबाईल मे डाऊनलोड करने का विरोध जिला कलेक्टर व जिला शिक्षाधिकारी को सचिव /संचालक शिक्षा विभाग के नाम ज्ञापन सौपकर ऑनलाइन उपस्थिति हेतु प्रदेश के समस्त स्कूलो मे बायोमेट्रिक प्रणाली लगाने की मांग



रायपुर - प्रदेश के सरकारी स्कूलो मे कार्यरत शिक्षकों व विद्यार्थियों की VSK एप को मोबाईल मे डाऊनलोड कर ऑनलाइन बायोमैट्रिक उपस्थिति के लिए शिक्षा विभाग द्वारा निर्देशित किया गया है जिसका प्रदेश के समस्त शिक्षकों द्वारा विरोध किया जा रहा है इस संबंध मे नवीन शिक्षक संघ छ. ग. के प्रदेश पदाधिकारी व जिला बलौदाबाजार भाठापारा प्रभारी सतीस टंडन के नेतृत्व जिला कलेक्टर व जिला शिक्षाधिकारी को सचिव /संचालक स्कूल शिक्षा विभाग छ. ग. शासन के नाम ज्ञापन सौंपकर शिक्षकों के स्वयं के मोबाईल मे VSK एप डाऊनलोड कर शिक्षकों व विद्यार्थियों की ऑनलाइन बायोमैट्रिक उपस्थित दर्ज करने हेतु विभाग द्वारा निर्देश का विरोध किया है और ऑनलाइन उपस्थिति हेतु राज्य के समस्त सरकारी स्कूलो मे बायोमैट्रिक प्रणाली लगाने या फिर पूर्व मे दिए गए बायोमैट्रिक टेबलेट को सुधार व अपडेट कर शिक्षकों व विद्यार्थियों की ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करने की मांग को प्रमुखता से रखा है प्रदेश पदाधिकारी सतीस टंडन ने बताया है की प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत के मार्गदर्शन मे आधार बेस VSK एप स्वयं के मोबाईल मे डाऊनलोड कर ऑनलाइन उपस्थिति का विरोध पुरे प्रदेश मे किया जा रहा है और सचिव /संचालक शिक्षा विभाग के नाम ज्ञापन सौंपा जा रहा है प्रदेश पदाधिकारी सतीस टंडन ने स्पष्ट कहा की एक शिक्षक का मोबाईल वर्तमान मे मध्यान भोजन, दीक्षा, छात्रवृत्ति, निष्ठा, FLN, माँ के नाम एक पेड़, वीरगाथा, विनोबा, CGTBC,जाति प्रमाण पत्र, सांसद खेल,नवभारत साक्षरता, स्केनर, पिक्सल, एक्सेल शीट सहित विभिन्न प्रकार के एप विभागीय कार्य के लिए शिक्षकों द्वारा डाऊनलोड करने के कारण शिक्षकों के मोबाईल पूर्णतः विभागीय मोबाईल बन चूका है यहाँ तक की 64 GB स्पेस वाले मोबाईल विभागीय एप डाऊनलोड करने के कारण ठीक से कार्य भी नही कर पा रहे है इसके साथ ही कई प्रकार के ऑनलाइन विभागीय कार्य भी शिक्षकों को अपने मोबाइल से करना पड़ता जिसके लिए विभाग द्वारा न तो मोबाईल भत्ता दिया जाता है और न ही चश्मा भत्ता दिया जाता है आगे प्रदेश पदाधिकारी सतीस टंडन ने कहा की प्रदेश के कोई भी शिक्षक ऑनलाइन बायोमैट्रिक उपस्थिति का विरोध नही कर रहा है सभी शिक्षक ज़ब समय पर स्कूल जाते है और स्कूल से समय पर वापस आते है तो ऑनलाइन उपस्थिति के विरोध का सवाल ही नही उठता है, विरोध सिर्फ शिक्षकों के स्वयं के मोबाइल से Vsk एप डाऊनलोड कर अपना व विद्यार्थियों के उपस्थिति दर्ज करने को लेकर है, इसलिए स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा समस्त सरकारी स्कूलो मे अन्य विभाग की तरह ऑनलाइन उपस्थिति हेतु बायोमैट्रिक प्रणाली लगाना चाहिए या फिर पूर्व मे दिए गए बायोमैट्रिक टेबलेट को सुधार  व अपडेट कर पुनः ऑनलाइन उपस्थिति के लिए निर्देश जारी किया जाना चाहिए नवीन शिक्षक संघ छ. ग. ने शिक्षकों से अपील किया है की कोई भी शिक्षक अपने स्वयं के मोबाईल मे VSK एप डाऊनलोड नही करे हम सब एकजुट होकर विभाग के इस निर्णय का विरोध करेंगे।

Thursday, January 1, 2026

घंटी बजाकर स्कूल मे आने वाले व घंटी बजाकर स्कूल से जाने वाले शिक्षकों को बायोमेट्रिक्स ऑनलाइन उपस्थिति से कोई विरोध नही विभाग लगाए बायोमेट्रिक्स ऑनलाइन उपस्थिति सिस्टम -विकास सिंह राजपूत



रायपुर - नवीन शिक्षक संघ छ. ग. के प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत ने बयान जारी कर स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा बायोमेट्रिक्स ऑनलाइन उपस्थिति शिक्षकों के लिये अनिवार्य किये जाने पर शिक्षकों द्वारा कोई विरोध नही किया जा रहा है क्योंकि शिक्षक ही एक ऐसा शासकीय कर्मचारी है जो स्कूल मे उपस्थिति के समय घंटी बजाकर सामान्य जनता को संदेश देते है की स्कूल खुल चूका है वही स्कूल बंद करने के पहले घंटी बजाकर सामान्य जन मानस को सूचित करते है की स्कूल बंद हो चूका है स्कूल खोलने व बंद करने के समय घंटी बजाकर पुरे गांव को सूचना देने वाले शिक्षकों को बायोमेट्रिक्स ऑनलाइन उपस्थिति से कोई विरोध हो ही नही सकता विरोध सिर्फ एक ही बात से है और वो है शिक्षकों के अपने निजी मोबाईल से VSK ऐप को डाऊनलोड कर अपने निजी खर्च से डेटा चलाकर अपनी व विद्यार्थियों की उपस्थिति दर्ज करने को लेकर है अगर विभाग को शिक्षकों व विद्यार्थीयी की बायोमेट्रिक्स ऑनलाइन उपस्थिति जरूरी लगता है तो प्रत्येक सरकारी स्कूलो मे ऑनलाइन उपस्थिति हेतु बायोमेट्रिक्स उपस्थिति सिस्टम लगा देना चाहिए साथ ही ऑनलाइन उपस्थिति सहित विभिन्न प्रकार के सरकारी कार्य को ऑनलाइन करने हेतु विभागीय आदेश समय -समय पर प्रसारित होते रहते है जो शिक्षकों द्वारा अपने स्वयं के खर्च से अपने स्वयं के निजी मोबाईल से कार्य किया जाता है ऐसे विभन्न प्रकार के ऑनलाइन कार्यों हेतु शिक्षकों को प्रतिमाह 500 रूपये  डेटा भत्ता व प्रत्येक स्कूलो मे एक मोबाईल अनिवार्य रूप से दिया जाना चाहिए जिससे विभाग द्वारा निर्देशित किये जाने वाले हर ऑनलाइन कार्य को शिक्षकों को करने मे परेशानी न हो अभी वर्तमान मे देखा जा रहा है की विभाग द्वारा प्रत्येक कार्य को ऑनलाइन स्वयं के मोबाईल मे करने हेतु जबरदस्ती दबाव बनाया जाता है  जिस पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध लगना चाहिए शिक्षकों का निजी मोबाईल शिक्षकों का ही रहे बजाय सरकारी मोबाईल न बने प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत ने पुनः कहा है की समय पर अपनी उपस्थिति देने वाले समस्त शिक्षकों को बायोमेट्रिक्स ऑनलाइन उपस्थिति से कोई विरोध नही है विभाग द्वारा ऑनलाइन उपस्थिति हेतु प्रतिमाह डाटा खर्च एवं बायोमेट्रिक्स उपस्थिति सिस्टम प्रत्येक सरकारी स्कूलो मे लगवाया जाय उसके बाद ऑनलाइन उपस्थिति अनिवार्य किया जाय।

Sunday, December 14, 2025

सरकारी कर्मचारियों व आश्रित परिजनों के केसलेस इलाज के लिये जगी उम्मीद संघ प्रतिनिधिमंडल मिले संचालक, स्वास्थ्य सेवाएँ, छत्तीसगढ़.से केसलेस इलाज के लिये कमेटी का गठन



रायपुर - नवीन शिक्षक संघ छ. ग. के प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत ने जानकारी दिया है की सरकारी कर्मचारी एवं आश्रित परिजन ज़ब गंभीर रूप से बीमार हो जाये या किसी दुर्घटना के शिकार हो जाये तब छ. ग. शासन द्वारा निर्देशित राज्य व राज्य के बाहर अस्पतालो मे इलाज कराने के बाद विभागीय प्रक्रिया से गुजरने के बाद लगातार कई महीनो के इंतजार के बाद इलाज मे खर्च हुए लगभग 75%  ही चिकित्सा प्रतिपूर्ति राशि के रूप मे मिलता है साथ ही इलाज कराने के दौरान खर्च होने वाले राशि के व्यवस्था के लिये पीड़ित सरकारी कर्मचारी व परिजनों को काफ़ी पसीना बहाना पड़ता है प्रदेश पदाधिकारी गिरीश साहू, चंद्रशेखर रात्रे, सतीस टंडन, अमितेश तिवारी, प्रकाशचंद कांगे, अजय कड़व, मनोज चंद्रा, ब्रिजनारायण मिश्रा, शंकरलाल भार्गव, दुष्यन्त कुम्भकार, रूपेंद्र सिन्हा, संजय साहू, राजेश शुक्ला, नरेश गुप्ता ने आगे कहा की शासन द्वारा मान्यता प्राप्त अस्पताल मे इलाज करवाते समय आर्थिक रूप से कमजोर सरकारी कर्मचारी व परिजनों को अपने जिंदगी भर के जमा पूंजी, खेत खार, मकान, आदि बेचने के नौबत आ जाते है कई जिलों मे कर्मचारी ही आपस मे चर्चा कर सहयोग राशि एकत्रित कर पीड़ित परिवार को सहयोग राशि प्रदान करते है जो इलाज के लिये काफ़ी नही होता है महिला प्रकोष्ठ के पदाधिकारी उमा जाटव, गंगाशरण पासी, बलविंदर कौर, नंदिनी देशमुख, ज्योति सक्सेना, रूपा साहू ने शासन से मांग करते हुए सरकारी कर्मचारी व परिजनों के लिये बढ़ती महंगाई व चिकत्सकीय खर्च को देखते हुए केसलेस इलाज की सुविधा प्रदान करने की मांग किया है जिससे सरकारी कर्मचारी अपने व अपने परिजन का इलाज चिंतमुक्त होकर करवा सके।

संजीव मानिकपुरी, वेद प्रकाश साहू, छन्नूलाल साहू, चंद्रिका पाण्डेय, रमन शर्मा,वेद साहू, हरिकांत अग्निहोत्री, अमित मैसी,सावंत यादव, सैय्यद रफीक अली, जयप्रकाश झा, लोकेश साहू, बलराम बंजारे ने बताया की सरकारी कर्मचारी व आश्रित परिजनों के केसलेस इलाज के लिए नवीन शिक्षक संघ द्वारा लगातार स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियो से मिलकर प्रयास किया जा रहा है उसी परिपेक्ष्य मे नवीन शिक्षक संघ छ. के प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत व अशोक देवांगन द्वारा पुनः संजीव कुमार झा जी संचालक, स्वास्थ्य सेवाएँ, छत्तीसगढ़.से मुलाक़ात कर प्रदेश के लगभग पांच लाख सरकारी कर्मचारी व परिजनों के केसलेस इलाज की सुविधा प्रदान करने की मांग को प्रमुखता से रखा जिस पर संचालक, स्वास्थ्य सेवाएँ, छत्तीसगढ़.ने जानकारी दिया की सरकारी कर्मचारी व परिजनों के केसलेस इलाज के लिए एक कमेटी का गठन कर दिया गया है कमेटी का प्रस्ताव तैयार होते ही सरकार के समक्ष रख दिया जायेगा जिसकी सूचना नवीन शिक्षक संघ को भी दिया जायेगा प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत ने संचालक, स्वास्थ्य सेवाएँ, छत्तीसगढ़.से निवेदन करते हुए विभाग द्वारा गठित कमेटी का बैठक रखकर प्रदेश के लगभग पांच लाख कर्मचारियों के हित मे जल्दी निर्णय लेने की मांग किया जिससे प्रदेश के सरकारी कर्मचारी अपने व अपने परिजन का इलाज शासन द्वारा निर्धारित शासकीय व निजी अस्पताल मे चिंतमुक्त होकर करवा सके।