रायपुर-छःत्तीसगढ़ सरकार के द्वारा प्रदेश के लाखों कर्मचारियों के वार्षिक वेतन वृद्धि व महंगाई भत्ता रोकने के निर्णय के बाद प्रदेश के कर्मचारी जगत में आक्रोश बढ़ गया है,कर्मचारी संघ के नेताओ का लगातार सरकार के इस निर्णय का विरोध किया जा रहा है कई संगठनों द्वारा ज्ञापन सौंपा गया है तो कई संगठन ज्ञापन सौपने की तैयारी में है,नवीन शिक्षक संघ छ. ग.के प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत के द्वारा प्रदेश में लॉक-डाउन व कोरोना संक्रमण को ध्यान में रखकर अनुविभागीय अधिकारी राजस्व धमधा दुर्ग को मुख्यमंत्री जी के नाम ज्ञापन सौंपकर राज्य सरकार के द्वारा वार्षिक वेतन वृद्धि व महंगाई भत्ता रोकने के निर्णय पर नवीन शिक्षक संघ के तरफ से आपत्ति दर्ज कराते हुए कहा कि कोरोना वाइरस संक्रमण के दौरान प्रदेश के कर्मचारी अपने सेहत की परवाह किये बिना लगातार कोरोना संक्रमण के रोकथाम के लिए कार्य कर रहे है ऐसे विषम परिस्थिति में कार्य करने वाले प्रदेश के शासकीय कर्मचारी या सही मायने में कहे तो कोरोना योद्धा की वार्षिक वेतन वृद्धि व महंगाई भत्ता रोकना प्रदेश के कर्मचारियों के साथ अन्याय है,ज्ञापन के माध्यम से प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत ने प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री जी से निवेदन करते हुए कहा है कि राज्य सरकार द्वारा कर्मचारियों के वार्षिक वेतन वृद्धि व महंगाई भत्ता रोकने के निर्णय पर पुनर्विचार कर तत्काल इस निर्णय को निरस्त कर प्रदेश ले लाखो कर्मचारियों के साथ न्याय करने की मांग को प्रमुखता से रखा है।ज्ञापन सौंपते समय शिक्षक अशोक देवांगन धमधा उपस्थित थे।
Thursday, May 28, 2020
Wednesday, May 27, 2020
वार्षिक वेतन वृद्धि रोकने का निर्णय सरकार तत्काल वापस ले ,नही तो कर्मचारी जगत विरोध प्रदर्शन करने बाध्य होगा.
रायपुर-नवीन शिक्षक संघ छ. ग.के प्रदेश प्रवक्ता दुष्यंत कुम्भकार,गंगा पासी व मीडिया प्रभारी मनोज चन्द्रा ने जानकारी देते हुए बताया है कि प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत,उमा जाटव ने बयान जारी कर कहा है कि छःत्तीसगढ़ सरकार कोरोना वाइरस संक्रमण के विषम परिस्थिति में अपने जान को जोखिम में डालकर कोरोना संक्रमण रोकथाम के लिए कार्य कर रहे शासकीय कर्मचारियों का वार्षिक वेतन वृद्धि रोककर हताश व निराश कर रहे है या साफ शब्दों में कहे तो कोरोना योद्धा सरकारी कर्मचारी को वार्षिक वेतन वृद्धि रोककर अच्छे कार्य करने हेतु प्रताड़ित करने का प्रयास कर रहे,प्रदेश पदाधिकारी गिरीश साहू,अभिनय शर्मा,अमितेश तिवारी,रूपेंद्र सिन्हा,संजय साहू,अजय कडव,प्रकाश चन्द कांगे,राजेश शुक्ला,बलविंदर कौर,ब्रिज नारायण मिश्रा, अमित नामदेव,चन्द्रशेखर रात्रे,नंदिनी देशमुख,ज्योति ठाकुर,देवकांत सिन्हा ने कहा है कि अभी वर्तमान परिस्थिति में कोरोना संक्रमण के रोकथाम के लिए प्रदेश के समस्त शासकीय कर्मचारी पूरे मनोयोग से बिना किसी सुरक्षा साधन व बिना बीमा लाभ के कार्य कर रहे है,अन्य राज्यो से आ रहे लोगो को देखभाल करते-करते कई शासकीय कर्मचारी स्वयं कोरोना संक्रमण से ग्रसित हो रहे है ऐसे विषम परिस्थिति में भी ईमानदारी पूर्वक कार्य करने वाले शासकीय कर्मचारियों का वार्षिक वेतन वृद्धि रोकना कर्मचारियों के साथ भारी अन्याय है, छन्नूलाल साहू,वेदप्रकाश साहू,नरेश चौहान,विद्या जुर्री,संजीव मानिकपुरी,सतीश टण्डन,संजय डोंगरे,रमन शर्मा,अमीन बंजारे,हरिकांत अग्निहोत्री,अनुभव तिवारी,संतोष द्वेवेदी सहित सभी जिलाध्यक्षो ने एक स्वर में सरकार के इस निर्णय के विरोध करते हुए कहा है कि छःत्तीसगढ़ सरकार द्वारा वार्षिक वेतन वृद्धि रोकने का निर्णय लिया गया है,ये निर्णय छ. ग.सरकार का तानाशाही निर्णय है,सरकार को इस निर्णय को तत्काल वापस लेकर लम्बित मंहगाई भत्ता व कोरोना योद्धा कर्मचारियों को 50 लाख का बीमा लाभ देने के लिए निर्णय लिया जाय।वापस नही लेने की स्थिति में नवीन शिक्षक सरकार के इस तानाशाही निर्णय का सड़क पर उतरकर विरोध करने बाध्य होगा।प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत ने बताया है जल्दी नवीन शिक्षक संघ द्वारा शासन को मांग पत्र सौंपा जाएगा व 28 मई 2020 को अधिकारी कर्मचारी फेडरेशन के संयोजक अनिल शुक्ल सहित सभी संघ के प्रांत अध्यक्ष से चर्चा कर कर्मचारी हित मे संघर्ष करने हेतु एकजुट होकर ठोस रणनीति बनाकर सरकार को इस तानाशाही निर्णय वापस लेने हेतु बाध्य करने का प्रयास किया जाएगा।
Tuesday, May 26, 2020
सहमति प्रदान करने वाले शासकीय कर्मचारियों के वेतन से कटौती मुख्यमंत्री राहत कोष में जमा किया जाय,वेतन कटौती का दबाव न बनाया जाय
नवीन शिक्षक संघ छ. ग.महिला प्रकोष्ठ प्रवक्ता गंगा पासी ने जानकारी दिया है कि महिला प्रकोष्ठ प्रदेश अधयक्ष उमा जाटव ने बयान जारी कर कहा है कि जब जब देश- दुनिया में प्राकृतिक आपदा या वैश्विक महामारी जैसी दुर्भाग्य की काली घटा छाई है ,तब तब हम देश - राज्य को कर्मचारियों ने अपने प्यारे भारतवर्ष को इस संकट की घड़ी से उबारने शासन के हर आदेश पर कदम कदम पर साथ निभाया है ,चाहे वो आर्थिक हो या शारीरिक हो ।
वैसे भी देश- दुनिया में शासन का शायद ही कोई काम होगा जिसमें शिक्षकों ने अपनी महती भूमिका का निर्वहन ना किया हो ।
इस वैश्विक काल में छ. ग.राज्य के मुख्यमंत्री के द्वारा आर्थिक अपील पर नवीन शिक्षक संघ छ. ग. समस्त कर्मचारियों से एक दिन का वेतन मुख्यमंत्री राहत कोष में जमा करने की अपील करता हैं ।पूर्व माह के वेतन में भी हमने अपने संघ ( नवीनशिक्षक संघ)/की ओर से एक दिन का वेतन राज्य कोष में दान करने का आह्वान किया था ,जिसका समर्थन हमारे संघ के पदाधिकारियों, सदस्यों, साथियों,कार्यकर्ताओं, समर्थकों ने सहज भाव से ना केवल राज्य कोष में अपना सहयोग प्रदान किया बल्कि स्वेच्छा से जरूरत मंदों / निर्धन/ मजदूरों/ बुजुर्गों तक प्रत्यक्ष तौर पर सहायता राशि व राशन- सामग्री का सहयोग दिया है ।
पूर्व की भांति राज्य- कोष में सहयोग करने की अपील अपने संघ के माध्यम से हम कर्मचारियों से करते है , साथ ही राज्य- शासन से भी अपील करते हैं कि जो कर्मचारी स्वेच्छा से अपने एक दिन की वेतन कटौती कर मुख्यमंत्री राहत कोष में जमा करने हेतु सहमति प्रदान करते है उसी कर्मचारियों का वेतन कटौती किया जेक्योकि हमारे कुछ ऐसे भी शिक्षक साथी है जिनके जीविकापार्जन का जरिया सिर्फ माह में मिलने वाला उनका निर्धारित वेतन ही है , इसी वेतन को सहारे उनको अपने बच्चों ही पढ़ाई- लिखाई, पालन- पोषण से लेकर बुढ़े मं- बाप की पालन- पोषण, उनकी चिकित्सा- सेवा छोटे भाई- बहनों की। पढ़ाई- लिखाई, ,शादी- ब्याह का खर्च , सामाजिक दायित्व का निर्वहन , किराये को घर का भुगतान , नल- बिजली बिल का भुगतान तमाम तरह की जिम्मेदारी निभानी पड़ती है ।ऐसे में अगर कोई कर्मचारी अपना वेतन दान करने में असमर्थता व्यक्त करता है ,तो राज्य- शासन है निवेदन है कि उस पर किसी भी प्रकार का विभागीय दबाव ना डाला जाए ।
प्रदेश अध्यक्ष उमा जाटव ने प्रदेश सरकार से मांग किया है कि कोरोना - पीड़ितों ही सेवा- सुश्रुषा में लगे हुए कर्मचारियों को पर्याप्त सुरक्षा को संसाधन उपलब्ध (पी़पीई किट) कराई जाए ।जिन कर्मचारियों को कोरोना ग्रसित क्षेत्र में कार्य में भेजा जाता है , तो कार्य नियुक्ति के साथ ही राज्य शासन को आदेशानुसार सक्षम अधिकारी के द्वारा कर्मचारी के कार्य को दौरान संक्रमित होने व असमय काल के गाल में समा जाने पर फौरन 50 लाख बीमा कवर राशि का सहयोग / अनुकंपा नियुक्ति परिजन को तत्काल देने का प्रपत्र कर्मचारी से भरवा लिया जाए ताकि उस कर्मचारी पर न्याय हो सकें ।
वैसे भी देश- दुनिया में शासन का शायद ही कोई काम होगा जिसमें शिक्षकों ने अपनी महती भूमिका का निर्वहन ना किया हो ।
इस वैश्विक काल में छ. ग.राज्य के मुख्यमंत्री के द्वारा आर्थिक अपील पर नवीन शिक्षक संघ छ. ग. समस्त कर्मचारियों से एक दिन का वेतन मुख्यमंत्री राहत कोष में जमा करने की अपील करता हैं ।पूर्व माह के वेतन में भी हमने अपने संघ ( नवीनशिक्षक संघ)/की ओर से एक दिन का वेतन राज्य कोष में दान करने का आह्वान किया था ,जिसका समर्थन हमारे संघ के पदाधिकारियों, सदस्यों, साथियों,कार्यकर्ताओं, समर्थकों ने सहज भाव से ना केवल राज्य कोष में अपना सहयोग प्रदान किया बल्कि स्वेच्छा से जरूरत मंदों / निर्धन/ मजदूरों/ बुजुर्गों तक प्रत्यक्ष तौर पर सहायता राशि व राशन- सामग्री का सहयोग दिया है ।
पूर्व की भांति राज्य- कोष में सहयोग करने की अपील अपने संघ के माध्यम से हम कर्मचारियों से करते है , साथ ही राज्य- शासन से भी अपील करते हैं कि जो कर्मचारी स्वेच्छा से अपने एक दिन की वेतन कटौती कर मुख्यमंत्री राहत कोष में जमा करने हेतु सहमति प्रदान करते है उसी कर्मचारियों का वेतन कटौती किया जेक्योकि हमारे कुछ ऐसे भी शिक्षक साथी है जिनके जीविकापार्जन का जरिया सिर्फ माह में मिलने वाला उनका निर्धारित वेतन ही है , इसी वेतन को सहारे उनको अपने बच्चों ही पढ़ाई- लिखाई, पालन- पोषण से लेकर बुढ़े मं- बाप की पालन- पोषण, उनकी चिकित्सा- सेवा छोटे भाई- बहनों की। पढ़ाई- लिखाई, ,शादी- ब्याह का खर्च , सामाजिक दायित्व का निर्वहन , किराये को घर का भुगतान , नल- बिजली बिल का भुगतान तमाम तरह की जिम्मेदारी निभानी पड़ती है ।ऐसे में अगर कोई कर्मचारी अपना वेतन दान करने में असमर्थता व्यक्त करता है ,तो राज्य- शासन है निवेदन है कि उस पर किसी भी प्रकार का विभागीय दबाव ना डाला जाए ।
प्रदेश अध्यक्ष उमा जाटव ने प्रदेश सरकार से मांग किया है कि कोरोना - पीड़ितों ही सेवा- सुश्रुषा में लगे हुए कर्मचारियों को पर्याप्त सुरक्षा को संसाधन उपलब्ध (पी़पीई किट) कराई जाए ।जिन कर्मचारियों को कोरोना ग्रसित क्षेत्र में कार्य में भेजा जाता है , तो कार्य नियुक्ति के साथ ही राज्य शासन को आदेशानुसार सक्षम अधिकारी के द्वारा कर्मचारी के कार्य को दौरान संक्रमित होने व असमय काल के गाल में समा जाने पर फौरन 50 लाख बीमा कवर राशि का सहयोग / अनुकंपा नियुक्ति परिजन को तत्काल देने का प्रपत्र कर्मचारी से भरवा लिया जाए ताकि उस कर्मचारी पर न्याय हो सकें ।
Saturday, May 23, 2020
इन कर्मचारियों की जान से खिलवाड़ करने वाले गुनाहगार कौन है । कोरोना से जंग लड़ने इन जैसे अन्य कोरोना - वारियर्स के लिए ना तो जरूरत के सुविधाएँ हैं ना ही संक्रमण से अपने- आप को बचाने के संसाधन
नवीन शिक्षक संघ छ. ग.के महिला प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष उमा जाटव ने बयान जारी कर कहा है कि राज्य और देश को विकास के स्तर पर पहुंचाने वाले कर्मचारियों की। ऐसी दुर्दशा ना इनके खाने-- पीने की व्यवस्था है,ना ही इनके आराम करने करने का कोई इंतजाम ।
प्रवासी मजदूरों की देखभाल करने के लिए जब इन शिक्षक बंधुओं की ड्यूटी लगाई गई थी तब ड्यूटी लगानेवाले उच्च अधिकारियों / प्रशासन को इस बात का भान ना लगा रहा होगा कि यदि किसी कारणवश ट्रेन गंतव्य स्थल पर विलंब से पहुंचती है तब ऐसी स्थिति में संलग्न कर्मचारियों को क्या सुविधाएँ मुहिम करनी होगी ।जैसा कि सर्वविदित है कि कोरोना एक संक्रमण / गंदगी से फैलने वाला बीमारी है ।ऐसे मैं जैसा कि वायरल हो रहे picture से स्पष्ट हो रहा है कर्मचारी ट्रेन के विलंब होने पर थक- हार से कैसे गंदगी मैं जैसे- तैसे जहॉ जगह मिली वही पैर पसारने की गरज से गंदगी में ही सोने को विवश हुए है , जबकि उनको इस बात का ज्ञान है कि आते- जाते किसी लापरवाह /गैर जिम्मेदार व्यक्ति के द्वारा उस स्थल पर थूकने से उन पर बीमारी का संक्रमण हो सकता है ,इसके बावजूद ये कर्मचारी अपनी जान और घर- परिवार की परवाह किये बिना इस कदर मजबूर हो गए कि उपरोक्त वायरल फोटो से ही स्पष्ट होता है ।
इन कर्मचारियों की जान से खिलवाड़ करने वाले गुनाहगार कौन है । कोरोना से जंग लड़ने इन जैसे अन्य कोरोना - वारियर्स के लिए ना तो जरूरत के सुविधाएँ हैं ना ही संक्रमण से अपने- आप को बचाने के संसाधन ।नवीन शिक्षक संघ महिला प्रकोष्ठ के प्रदेश प्रवक्ता गंगा पासी,बलविंदर कौर,नंदिनी देशमुख,संगीता बैस,गीता चन्द्राकर,निर्मला पांडेय,ज्योति राजपूत,विद्या जुर्री ने प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री से कोरोना संक्रमण रोकथाम के लिए लगे शिक्षको सहित अन्य कर्मचारियों की 50 लाख बीमा राशि सहित सुरक्षा के पर्याप्त संसाधन मुहैया कराने की मांग की है,
नवीन शिक्षक संघ छ. ग. महिला प्रकोष्ठ के सभी पदाधिकारियो व सदस्यों ने कहा है कि सोशल- मीडिया पर वायरल हो रही ऐसी खबरों से आहट होकर हम सब कर्मचारी संघ का पदाधिकारी होने के नाते उच्चाधिकारियों / शासन/ प्रशासन से मॉग करते है कि कोरोना वारियर्स के तौर पर किसी भी कर्मचारी को सेवा में लगाने से पहले उनको स्वयं को भी बचाव के भौतिक- संसाधन से परिपूर्ण किया जाए , क्योंकि उस कोरोना- वारियर्स अपने पीछे घर पर अपनी पत्नि, बेटा- बेटी, मॉ- पिताजी, भाई- बहन से परिपूर्ण परिवार को शाम को जल्दी घर लौट आने का वादा किया है ।किसी की लापरवाही से ये कोरोना- वारियर्स अपने घर-परिवार को दिये वादा से वंचित ना रह जाए ।हम सबकी मांग / विनती पर उच्चाधिकारी गण व भारत शासन/ प्रशासन अमल कर तत्काल सकारात्मक निर्णय लेंवे ।
नवीन शिक्षक संघ छ. ग.के प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत द्वारा लॉक-डाउन होने के कारण सोशल मीडिया व ट्वीटर के माध्यम से प्रदेश के मुख्यमंत्री व अधिकारियों तक कोरोना रोकथाम में लगे शिक्षको सहित अन्य कर्मचारियों को सुरक्षा के पर्याप्त साधन उपलब्ध कराने के साथ-साथ 50 लाख बीमा राशि का प्रवधान हेतु निर्णय लेने की मांग पुरजोर तरीके से उठाया जा रहा है
प्रवासी मजदूरों की देखभाल करने के लिए जब इन शिक्षक बंधुओं की ड्यूटी लगाई गई थी तब ड्यूटी लगानेवाले उच्च अधिकारियों / प्रशासन को इस बात का भान ना लगा रहा होगा कि यदि किसी कारणवश ट्रेन गंतव्य स्थल पर विलंब से पहुंचती है तब ऐसी स्थिति में संलग्न कर्मचारियों को क्या सुविधाएँ मुहिम करनी होगी ।जैसा कि सर्वविदित है कि कोरोना एक संक्रमण / गंदगी से फैलने वाला बीमारी है ।ऐसे मैं जैसा कि वायरल हो रहे picture से स्पष्ट हो रहा है कर्मचारी ट्रेन के विलंब होने पर थक- हार से कैसे गंदगी मैं जैसे- तैसे जहॉ जगह मिली वही पैर पसारने की गरज से गंदगी में ही सोने को विवश हुए है , जबकि उनको इस बात का ज्ञान है कि आते- जाते किसी लापरवाह /गैर जिम्मेदार व्यक्ति के द्वारा उस स्थल पर थूकने से उन पर बीमारी का संक्रमण हो सकता है ,इसके बावजूद ये कर्मचारी अपनी जान और घर- परिवार की परवाह किये बिना इस कदर मजबूर हो गए कि उपरोक्त वायरल फोटो से ही स्पष्ट होता है ।
इन कर्मचारियों की जान से खिलवाड़ करने वाले गुनाहगार कौन है । कोरोना से जंग लड़ने इन जैसे अन्य कोरोना - वारियर्स के लिए ना तो जरूरत के सुविधाएँ हैं ना ही संक्रमण से अपने- आप को बचाने के संसाधन ।नवीन शिक्षक संघ महिला प्रकोष्ठ के प्रदेश प्रवक्ता गंगा पासी,बलविंदर कौर,नंदिनी देशमुख,संगीता बैस,गीता चन्द्राकर,निर्मला पांडेय,ज्योति राजपूत,विद्या जुर्री ने प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री से कोरोना संक्रमण रोकथाम के लिए लगे शिक्षको सहित अन्य कर्मचारियों की 50 लाख बीमा राशि सहित सुरक्षा के पर्याप्त संसाधन मुहैया कराने की मांग की है,
नवीन शिक्षक संघ छ. ग. महिला प्रकोष्ठ के सभी पदाधिकारियो व सदस्यों ने कहा है कि सोशल- मीडिया पर वायरल हो रही ऐसी खबरों से आहट होकर हम सब कर्मचारी संघ का पदाधिकारी होने के नाते उच्चाधिकारियों / शासन/ प्रशासन से मॉग करते है कि कोरोना वारियर्स के तौर पर किसी भी कर्मचारी को सेवा में लगाने से पहले उनको स्वयं को भी बचाव के भौतिक- संसाधन से परिपूर्ण किया जाए , क्योंकि उस कोरोना- वारियर्स अपने पीछे घर पर अपनी पत्नि, बेटा- बेटी, मॉ- पिताजी, भाई- बहन से परिपूर्ण परिवार को शाम को जल्दी घर लौट आने का वादा किया है ।किसी की लापरवाही से ये कोरोना- वारियर्स अपने घर-परिवार को दिये वादा से वंचित ना रह जाए ।हम सबकी मांग / विनती पर उच्चाधिकारी गण व भारत शासन/ प्रशासन अमल कर तत्काल सकारात्मक निर्णय लेंवे ।
नवीन शिक्षक संघ छ. ग.के प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत द्वारा लॉक-डाउन होने के कारण सोशल मीडिया व ट्वीटर के माध्यम से प्रदेश के मुख्यमंत्री व अधिकारियों तक कोरोना रोकथाम में लगे शिक्षको सहित अन्य कर्मचारियों को सुरक्षा के पर्याप्त साधन उपलब्ध कराने के साथ-साथ 50 लाख बीमा राशि का प्रवधान हेतु निर्णय लेने की मांग पुरजोर तरीके से उठाया जा रहा है
रेलवे स्टेशन में रात में सोए हुए कर्मवीर शिक्षक अन्य राज्यो से आ रहे श्रमिको के प्रतीक्षा में
रायपुर-नवीन शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत ने जानकारी दी है कि प्रदेश के कर्मवीर शिक्षक साथी कोरोना संक्रमण के इस संकट के दौर में अपनी कर्तव्य पथ पर पूरी ईमानदारी से डटे हुए है,बिना किसी सुरक्षा साधन के घण्टो अपनी सेवा राष्ट्र व देश हित मे लगातार दे रहे,ऐसे कर्मवीर शिक्षक सथियो को शासन द्वारा अभी तक 50 लाख बीमा राशि देने का निर्णय नही किया गया है जबकि नवीन शिक्षक संघ सहित अन्य कर्मचारी संगठनों द्वारा लगातार प्रदेश के सरकार से कोरोना संक्रमण रोकथाम में लगे शिक्षको सहित अन्य कर्मचारियों को 50 लाख रुपये बीमा का लाभ देने की मांग को प्रमुखता से रखा जा रहा है,प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत ने नवीन न्यूज से चर्चा करते हुए आगे कहा कि प्रदेश के श्रमिक जो अन्य राज्यो में कार्य करने गए थे जो कोरोना संक्रमण खतरे को देखते हुए छ. ग.वापस लौट रहे जो शासन द्वारा रेल की व्यवस्था की गई है उसी श्रमिको व रेलगाड़ी के प्रतीक्षा में प्रदेश के कर्मवीर शिक्षक बिना किसी सुरक्षा साधन के रेलवे स्टेशन में प्रवासी मजदूरों की प्रतीक्षा करते-करते आखिर में रेलवे स्टेशन में सोने मजबूर होना पड़ा,राज्य सरकार को इस पर ध्यान देने की आवश्यकता है,कोरोना संक्रमण रोकथाम में कार्य कर रहे शिक्षको सहित अन्य शासकीय कर्मचारियों को 50 लाख बीमा राशि प्रदान करने का निर्णय लेने के साथ-साथ सुरक्षा के पर्याप्त साधन उपलब्ध कराना चाहिए,और ऐसा कार्य योजना बनाना चाहिए जिससे प्रदेश के शिक्षको को रेलवे,बस स्टेशन पर प्रवासी श्रमिको के प्रतीक्षा में भविष्य में सोने की आवश्यकता न पड़े।
Friday, May 22, 2020
ग्रीष्मावकाश में 45 दिनों की मध्यान्ह भोजन में सूखा चावल,दाल व तेल प्रदान किया जाएगा विद्यार्थियों को,रसोइयों को नही मिलेगा मानदेय
रायपुर-संचालक लोक शिक्षण संचालनालय जितेंद्र शुक्ला जी ने पत्र जारी कर प्रदेश के स्कूलो में पहिली से आठवीं तक पढ़ने वाले विद्यार्थियों को ग्रीष्मावकाश के समय 45 दिनों की मध्यान्ह भोजन सूखा चावल,दाल व तेल केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित मात्रा में प्रदान करने हेतु समस्त जिला शिक्षाधिकारी छ. ग. को निर्देशित किया है,सूखा चावल,दाल व तेल के लिए अलग-अलग सील बन्द पैकेट बनाने के बाद एक बड़ा पैकेट में सील बन्द कर गुणवत्तापूर्वक सामग्री घर-घर या शाला में स्थिति अनुसार प्रदान करने साथ ही कोरोना वाइरस संक्रमण के खतरे को देखते हुए सामाजिक दूरी व शासन के दिशा निर्देश की पालन करने भी कहा है,इसी पत्र में समस्त जिला शिक्षाधिकारियों को निर्देशित भी किया है कि ग्रीष्मकालीन अवकाश के समय रसोइया मानदेय भुगतान नही किया जाएगा,
Tuesday, May 19, 2020
शिक्षक व लेब टेक्नोलॉजिस्ट की मौत पर नवीन शिक्षक संघ ने किया दुख व्यक्त ,कोरोना संक्रमण रोकथाम में लगे कर्मचारियों को पर्याप्त सुरक्षा साधन व 50 लाख बीमा का लाभ दिया जाय,
रायपुर-नवीन शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष विकास सिंह राजपूत व महिला प्रकोष्ठ अध्यक्ष उमा जाटव
ने कोरोना योद्धा शिक्षक सियाराम भगत लेन्जुआ(बलरामपुर जिला) कोरोण्टाइन सेंटर में ड्यूटी के दौरान निधन होने व लेब टेक्नोलॉजिस्ट दया साहू(झीठ पाटन) के निधन पर नवीन शिक्षक संघ छःत्तीसगढ़ के तरफ से दुख व्यक्त करते हुए कोरोना योद्धा सियाराम भगत व दया साहू को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए राज्य सरकार से निवेदन करते हुए कहा है कि केंद्र व राज्य सरकार द्वारा कोरोना योद्धा सियाराम भगत व दया साहू के परिवार को मुआवजा,50 लाख बीमा का लाभ व परिवार के एक सदस्य को तत्काल अनुकम्पा नियुक्ति प्रदान किया जाय,विकास सिंह राजपूत,उमा जाटव,गिरीश साहू,अभिनय शर्मा,दुष्यंत कुम्भकार,अमितेश तिवारी,रूपेंद्र सिन्हा,संजय साहू,अजय कडव,प्रकाश चन्द कांगे,राजेश शुक्ला,बलविंदर कौर,चन्द्रशेखर रात्रे,सतीश टण्डन,गंगा पासी,नंदिनी देशमुख,ब्रिज नारायण मिश्रा,मनोज चन्द्रा,अमित नामदेव,देवकांत सिन्हा सहित नवीन शिक्षक संघ छ. ग.के पदाधिकारियो ने कहा कि कोरोना संक्रमण के रोकथाम में लगे शिक्षको सहित अन्य शासकीय कर्मचारियों को सुरक्षा के पर्याप्त साधन उपलब्ध कराने के साथ-साथ सभी कोरोना संक्रमण के रोकथाम में लगे कर्मचारियों का केंद्र सरकार की तरह राज्य सरकार भी 50 लाख बीमा का लाभ प्रदान करने का निर्णय लिया जाय जिससे प्रदेश के समस्त कर्मचारी जो कोरोना संक्रमण के रोकथाम में लगे हुए है वो बिना भय के कार्य कर सके,नवीन शिक्षक संघ छ. ग.ने कोरोना संक्रमण रोकथाम में लगे प्रदेश के डॉक्टर,नर्स,मेडिकल स्टॉफ, पुलिस,शिक्षक,आंगनबाड़ी कार्यकर्ता,मितानिन,बैंक कर्मचारी,राशन दुकान संचालक,मीडिया,शासन -प्रशासन के सभी अधिकारी-कर्मचारी,प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री-मंत्री सहित सभी जनप्रतिनिधियों,समाजसेवी को धन्यवाद देते हुए प्रदेश के समस्त जनता से अपील किया है कि शासन के दिशा-निर्देश का पालन करते हुए अपने व अपने परिवार के सदस्यों को सुरक्षित रखे,अफवाहों पर ध्यान न दे और जरूरतमंद लोगों का यथा-संभव मदद कर मानवता का परिचय दे,
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